Betul Samachar : रेत खदान रायल्टी टेंडर माझी सरकार को नहीं मिला तो करेंगे चक्का जाम
Betul Samachar : If the sand mine royalty tender is not received by the Majhi government, it will block the road
माझी सरकार ने रैली निकाल कर किया शक्ति प्रदर्शन, प्रशासन को दिया अल्टीमेटम
Betul Samachar : बैतूल। मांझी अंतरराष्ट्रीय समाजवाद आदिवासी किसान सैनिक संगठन ने गुरुवार को सैकड़ों की संख्या में जिला मुख्यालय पर पहुंचकर बैतूल जिले के ज्वलंत मुद्दों पर कलेक्टर, एसपी का ध्यान आकर्षण करने का प्रयास किया। रैली की शक्ल में कलेक्ट्रेट और एसपी कार्यालय पहुंचे माझी सैनिकों ने जिले में रेत का ठेका मांझी सरकार को देने सहित विभिन्न समस्याओं से अवगत कराया।
मांझी सरकार सैनिक संस्था मध्य प्रदेश कोषाध्यक्ष श्रवण कुमार परते ने बताया जिले की रेत रॉयल्टी का ठेका पूंजी पतियों को दिया जा रहा है। जबकि आदिवासियों को भारत का मूल निवासी होने के बाद भी एक प्रतिशत भी लाभ नहीं मिल पा रहा है।
Betul Samachar माझी सरकार सैनिकों ने ज्ञापन के माध्यम से चेतावनी देते हुए कहा कि अगर पेसा एक्ट के तहत रेत खदान रायल्टी टेंडर माझी सरकार को नहीं मिला तो चक्का जाम कर बैतूल जिले की एक भी रेत खदान का विक्रय नहीं होने देंगे।
मांझी सरकार द्वारा ग्राम मालवर दौडी तहसील घोड़ाडोंगरी का रॉयल्टी ठेका अखिल भारतीय माता दंतेवाड़ी समाज समिति एवं मांझी सरकार आदिवासी किसान सैनिक को देने की मांग की जा रही है। मांझी सरकार का कहना है कि टेंडर नहीं देते हैं तो विद्रोह का सामना करना पड़ेगा।
इन मुद्दों पर भी किया ध्यानाकर्षण

खेड़ला किला को पर्यटन में शामिल कर उसका जिर्णोद्धार करने, आदिवासी जनसंख्या के अनुपात में भर्ती करने, शासकीय भूमि को गैर आदिवासियों को आबंटित नहीं करने, गैर आदिवासियों को आदिवासियों की भूमि के आवंटन को विधि विरुद्ध घोषित किया जाए।
शासकीय योजनाओं में मांझी अंतर्राष्ट्रीय समाजवाद आदिवासी किसान सैनिक संस्था के आदिवासी किसान सैनिकों के द्वारा अनुसंशित मामलों को प्राथमिकता दी जाये ताकि योग्य व्यक्ति को सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त हो सके। वन अधिकार अधिनियम के तहत आदिवासियों को वन अधिकार पत्र दिलाने हेतु सरकारी कार्यक्रम चलाये जाए।
आदिवासियों के खिलाफ हो रहे हिंसा, अत्याचार और शोषण को रोकने के लिए प्रभावी उपाय किये जाये। आदिवासी महिला द्वारा गैर आदिवासी व्यक्ति से विवाह करने पर उसका आदिवासी आरक्षण समाप्त किया जाये।



