Betul Samachar : क्रोध रूपी स्वभाव का दमन करें, नहीं तो जीवन गंभीर रोगों से ग्रस्त होगा: डॉ.बिंदु प्रभा
Betul Samachar: Suppress the nature of anger, otherwise life will suffer from serious diseases: Dr. Bindu Prabha
कोठी बाजार स्थित जैन स्थानक भवन में पर्युषण पर्व के तहत हो रहे प्रवचन

Betul Samachar : (बैतूल)। कोठी बाजार स्थित जैन स्थानक भवन में पर्युषण पर्व के सातवें दिन आचार्य पदमचंद्र म.सा की सुशिष्या डॉ.बिंदु प्रभा ने अपने प्रवचन में बताया कि क्रोध एक विनाशकारी सैलाब है। इस सैलाब में मानव में विद्यमान विनय, सहनशीलता और दया, क्षमा और धीरज का भाव बह जाता है। क्रोध से प्रेम की भावना नष्ट हो जाती है, जब भी किसी भी जीव को गुस्सा आता है वह गुस्सा पानी की बूंद की तरह का होता है, वह कुछ देर बाद शांत हो जाता है।
मध्यम पुरुष का गुस्सा दो घड़ी का होता है। आदम पुरुष का गुस्सा 24 घंटे का होता है, और जो पापी होते हैं उनका गुस्सा जीवन भर रहता है। इस क्रोध रूपी भाव में यदि हम ना बुरा देख, ना बुरा सुन, ना बुरा कहे तो भी हमारा गुस्सा कम हो जाएगा। क्रोध में हमें कोई व्यक्ति बुरा शब्द बोल भी देता है तो हमें कुछ देकर ही जाता है, लेकर क्या जाता है। क्रोध रूपी स्वभाव को हमें दमन करना चाहिए, नहीं तो जीवन हमारा गंभीर रोगों से ग्रस्त होगा।(Betul Samachar)
अंतागढ़ सूत्र में बताया गया है जैसा व्यक्ति के मन में भाव आते हैं वह उसी प्रकार का चिंतन करते हैं। मानव में चिंतन की शक्ति होती है, चिंतन के चार प्रकार होते हैं, अध्यात्म चिंतन वह होता है जिसमें स्वयं को जान सकते हैं, समझ सकते हैं, दूसरा मोह चिंतन। यह परिवार के प्रति मोह रखना, तीसरा चिंतन काम योग के बारे में चिंतन करना है। इंद्रियों के 23 विषय, 240 विकार है, इंद्रियों का काम कर्म बढ़ाना है। हमें विकृति से बचाना है और आगे बढ़ना है। स्थानकवासी श्रावक संघ के सचिव मुकेश गोठी व श्रावक सतीश पारख ने बताया कि स्थानक भवन में तपस्या और जप का मेला लगा है।(Betul Samachar)
सभी जैन श्रावक, श्राविका बच्चे तप कर रहे हैं। इसी कड़ी में रविवार श्रीमती मोनिका पंकज सुराना व स्वाती विनय सुराना ने 11 आयंबिल व श्रीमती कल्पना योगेश गोठी ने आठवें आयंबिल व श्रीमती सरोज बोथरा ने 8 उपवास के पचखान ग्रहण किया। तेले की लड़ी में रविवार को ममता मुकेश सुराना ने प्रत्याश्वान ग्रहण किए। दोपहर में महिलाओं के लिए प्रतियोगिता आयोजित की गई। शाम 6:30 बजे से घतिक्रमण हुआ और आज 21 अगस्त को सुबह 8:30 बजे से म.सा की व्याख्यान, शाम 5:30 बजे से संवत्सरी प्रतिक्रमण होगा।



